SSJ परिसर में चल रहा ‘लोकरंग’ सांस्कृतिक उत्सव, दूसरे दिन नाटकों की प्रस्तुति
सोबन सिंह जीना परिसर के तीन दिवसीय सांस्कृतिक कार्यक्रम के दूसरे दिन नाटकों की प्रस्तुति हुई। तीन दिवसीय लोकरंग सांस्कृतिक उत्सव में विभिन्न संकायों (विज्ञान, विधि, शिक्षा, दृश्यकला,कला) के बीच नाटकों की प्रतियोगिता आयोजित हुई। इसके अतिरिक्त विद्यार्थियों ने रंगारंग प्रस्तुतियां दी। राजुला मालूशाही, नशामुक्ति, पलायन आदि विषयों को लेकर नाटक प्रस्तुतियों ने मन मोहा। नाटकों के अतिरिक्त विश्वविद्यालय के विभिन्न परिसरों के कलाकारों द्वारा गायन, नृत्य की प्रस्तुतियां दी।

दूसरे दिन मुख्य अतिथि रूप में विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो सतपाल सिंह बिष्ट मौजूद रहे। अधिष्ठाता छात्र कल्याण प्रो शेखर चन्द्र जोशी,कार्यक्रम संयोजक प्रो संजीव आर्य और छात्रसंघ के सभी सदस्यों द्वारा उनका स्वागत किया गया।
मुख्य अतिथि रूप में विश्वविद्यालय के कुलपति प्रो सतपाल सिंह बिष्ट ने कहा कि संस्कृति हमारी पहचान है। उन्होने कहा कि विश्वविद्यालय में आप सभी के सहयोग के लिए में आभारी रहूंगा। उन्होंने कहा कि छात्रसंघ और सांस्कृतिक मंडल द्वारा आयोजित यह कार्यक्रम संस्कृति को बचाने के लिए महत्वपूर्ण होगा। उन्होंने भविष्य में सभी परिसरों से वृहद संख्या में कलाकारों की भागीदारी सुनिश्चित करने के लिए कार्य किया जाएगा।
स्वामी विवेकानन्द सभागार में आयोजित हुए नाटक प्रतियोगिता में रंगकर्मी ध्रुव कुमार टम्टा और अजय बेरी तथा लोकगीत के लिए डॉ. सबीहा नाज और डॉ प्रियंका पांडेय, चित्रकला प्रतियोगिता में डॉ कौशल एवं डॉ तरुण शर्मा ने निर्णायक की भूमिका निभाई।
कार्यक्रम में परिसर निदेशक प्रो प्रवीण सिंह बिष्ट ने कहा कि इस उत्सव में युवा कलाकारों ने अपनी कलाओं का प्रदर्शन किया। अधिष्ठाता छात्र कल्याण प्रो शेखर चन्द्र जोशी ने कहा कि सभी के सहयोग से उत्कृष्ट प्रस्तुतियां देखने को मिल रही हैं।
कार्यक्रम का संचालन प्रो ए के नवीन और डॉ नीलम ने संयुक्त रूप से किया।
सांस्कृतिक कार्यक्रमों में अधिष्ठाता छात्र कल्याण और कुलानुशासक मंडल के सदस्यों और कार्मिक, सांस्कृतिक संयोजक दर्शन कुमार, छात्रसंघ के अध्यक्ष लोकेश सुप्याल, उपाध्यक्ष भूपेश गैडा, महासचिव विशाल बिष्ट, संयुक्त सचिव दिनेश कुमार, कोषाध्यक्ष विनय कनवाल,छात्रा उपाध्यक्ष निकिता रौतेला, प्रभारी कुलानुशासक डॉ भुवन चंद्रा, प्रकाश भट्ट, गुलाब,भुवन विद्यार्थी, पूरन सिंह, भानु भट्ट, नीरज सिंह, विजय पंत आदि ने सहयोग दिया।
कार्यक्रम में समस्त संकायों के संकायाध्यक्ष, विभागाध्यक्ष, शिक्षक, कर्मचारी, विद्यार्थी और छात्र प्रतिनिधि उपस्थित रहे।
